ग़ाज़ीपुर- भूख से बेहाल मवेशियों तक भोजन पहुंचाने के कार्य में लगे सामाजिक कार्यकर्ता भी है कर्म योध्दा के तुल्य- विजय मिश्र

प्रखर ब्यूरो ग़ाज़ीपुर। जरूरतमंदो में भोजन वितरण का पुनीत कार्य लगातार आज उन्नीसवें दिन शुक्रवार को भी पूर्व मंत्री विजय कुमार मिश्र द्वारा जनसहयोग किया गया। और इसी दौरान एक और बहुत ही नेक बात देखने को सामने आई कि अपने आवास पर स्थापित भोजनालय में श्रमदान कर रहे हलवाई साथियों से भोजन बनाने के दौरान बड़ी मात्रा में एकत्र होने वाले हरे साग-सब्जी के कतरन को समाजसेवी साथियों के जरिये प्रतिदिन नियमित रूप से भूखे मवेशियों तक पहुचवायें जाने का विशेष निर्देश पूर्व धर्मार्थ कार्य मंत्री विजय कुमार मिश्र ने दे रखा है। इस समय जितनी आवश्यकता एक मनुष्य को भोजन की है, उसी प्रकार बेजुबान जानवरों को भी भोजन की अत्यंत आवश्यकता है। ऐसे में यह एक पुनीत कार्य है जो पूर्व धर्माथ कार्य मंत्री द्वारा किया जा रहा है।
इस दौरान श्री मिश्र ने कहा कि लाकडाउन के दौरान रोजी-रोटी ठप होने के कारण भोजन के संकट का सामना कर रहे लोगों में सिर्फ इंसान ही नहीं अपितु बेजुबान मवेशी भी चारा-भूसा नहीं मिलने से काफी परेशान हैं। ऐसे में सब्जी मंडी तथा जरूरतमंदो के सेवार्थ संचालित कम्युनिटी भोजनालयों से कटे-फटे साग-सब्जी का संग्रह कर उसे भूख से बेहाल मवेशियों तक पहुंचाने के कार्य में लगे सामाजिक कार्यकर्ता भी किसी कर्म योध्दा के ही तुल्य हैं। इस क्रम में अपने आवास से जरूरतमंदो के लिए संचालित हो रहे भोजन वितरण कार्यक्रम में दिल खोलकर मदद कर रहे नगर की सुसम्पन्न दानवीर जनता की आज पुनः प्रशंसा करते हुए श्री मिश्र ने कहा कि इस पुनीत अभियान से जुड़कर यहाँ के लोग जिस तरह अपनी आस्था व सेवा का प्रदर्शन कर रहे है, उससे अब यह “भोजन” भोजन न रहकर “महाप्रसाद” बन चुका है। बताते चलें कि इस कार्यक्रम से प्रभावित होकर आज के दानदाता नखास स्थित नगर के प्रसिद्ध गोपाल मिष्ठान भंडार के संचालक पप्पू भईया ने एक तरफ जहाँ कुल 2200 से अधिक लोगों में वितरण हेतु आज सुबह वितरित सब्जी युक्त पोलाव एवं आज शाम को वितरित होने वाले कचौड़ी बुनिया पर आने वाला पूरा खर्च उठाते हुए अपनी दरियादिली दिखाई, वहीं ऋषि चतुर्वेदी जी एवं पेशे से शिक्षिका आज की दानदात्री ज्ञानप्रिया जी ने नगद राशि एवं खाद्य सामग्री प्रदान करते हुए इस नेक अभियान को गति देने का कार्य किया। इनके अतुलनीय एवं अनुकरणीय योगदान के लिए श्री मिश्र ने ह्रदय से साधुवाद प्रकट करते हुए जरूरतमंदो के बीच सुबह-शाम दोनों समय विगत उन्नीस दिनों से लगातार सबके दरवाजे जाकर भोजन पैकेट का सुरक्षित रूप से वितरण कराने के कार्य को कराया।