ग़ाज़ीपुर- बैंक कर्मचारियों अधिकारियों की उदासीनता और मनमाने रवैए के चलते जमकर उड़ाई जा रही है सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां

प्रखर ब्यूरो भीमापार/ग़ाज़ीपुर। स्थानीय बाजार मे स्थित काशी गोमती संयुक्त ग्रामीण बैंक भीमापार शाखा में उमड़ी ग्राहकों की भारी भीड़ और कर्मचारियों की लापरवाही के कारण सोशल डिस्टेंसिंग की जमकर उड़ रही है धज्जियां, पुलिस भी मूकदर्शक बनी।
जी हाँ कोरोना वायरस संक्रमण से बचाव के लिए जहाँ शासन प्रशासन द्वारा लॉक डाउन लगाते हुए सोशल डिस्टेंसिंग अपनाई जा रही है, वही भीमापार मे स्थित काशी गोमती संयुक्त क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक में कर्मचारियों अधिकारियों की उदासीनता और मनमाने रवैए के चलते ग्राहकों की लंबी कतार लग रही है, जिससे सोशल डिस्टेंस की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। बुधवार को बैंक खोलने के साथ ही ग्राहकों की भारी भीड़ शाखा पर उमड़ पड़ी। इस दौरान बैंक कर्मचारियों द्वारा बैंक के बाहर सोशल डिस्टेंसिंग के बगैर ही ग्राहकों की लंबी लाइन लगा दी गई। ग्राहकों ने बताया कि सुबह सात बजे से पहले से ही बैंक के बाहर लंबी लाइन लग जा रही है और लोगों के द्वारा अपना जूता चप्पल आदि को ही बैंक के मुख्य गेट के सामने लाईन मे लगाकर छोड़ दिया जाता है और जब बैंक दस बजे खुलता है तो लोग अपनी अपनी जगह आकर लाईन मे लग जाते हैं। मुख्य गेट पर बैठे कर्मचारी द्वारा ग्राहकों से बदसलूकी भी की जा रही है, जिससे ग्राहकों में आक्रोश व्याप्त है। जबकि ग्रामीण बैंक के द्वारा पूरे जनपद मे 260 मिनी बैंक के फ्रेन्चाइजी के द्वारा ग्राहकों को लेन देन का कार्य किया जाता था। लेकिन जब से ग्रामीण बैंक को बैंक आफ बड़ौदा मे मर्ज कर दिया गया तभी से मिनी बैंक ने काम करना बन्द कर दिया है, जिसके कारण बैंक की फ्रेन्चाइजी लेने वाले भी इस समय लाकडाउन मे भुखमरी के कगार पर हैं। लोगों ने बताया कि अगर मिनी बैंक से लेन देन होता तो बैंकों में इतनी भीड़ नहीं इकट्ठा होती। लोगों ने जिलाधिकारी से माँग की है कि ग्रामीण बैंक से संचालित मिनी बैंक को जल्द चालू किया जाय।