ग़ाज़ीपुर- खाद्यान्न का दुरूपयोग व कालाबाजारी पाये जाने पर उचित दर विक्रेताओं के विरूद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर अनुबन्ध पत्र किये गए निलम्बित

प्रखर ब्यूरो गाजीपुर। वर्तमान समय में कोविड-19 महामारी के प्रकोप से राहत पहुॅचाने हेतु जनपद-गाजीपुर के समस्त उचित दर विक्रेताओं को सचेत किया गया था कि संकट की इस घड़ी में खाद्यान्न वितरण की व्यवस्था को जनोपयोगी बनाया जाय, ताकि लॉकडाउन के कारण उत्पन्न परिस्थिति में किसी भी कार्ड धारक को अन्न के अभाव में परेशान न होना पड़े। इसके बावजूद शिकायतें मिली है कि कही-कही कार्डधारकों को निर्धारित मात्रा और निर्धारित मूल्य पर खाद्यान्न उपलब्ध कराने में कोताही बरती जा रही है। इसी क्रम में ग्रामसभा इब्राहिमपुर विकास खण्ड- सादात, तहसील जखनियॉ, गाजीपुर के उचित दर विक्रेता रामसदन यादव द्वारा कोविड-19 में वितरण में जानबूझकर असहयोग किया गया एवं प्रधानमंत्री गरीब अन्न कल्याण योजना के अन्तर्गत वितरित होने वाला निःशुल्क चावल एवं चना की उठान न कर मेडिकल प्रमाण पत्र देकर कार्ड धारकों का हित प्रभावित किया गया, जिस पर विक्रेता कल्पनाथ यादव को अपनी दुकान का अवशेष गेहूॅ 12.37 कुन्टल, चावल 12.28 कुन्तल न दिये जाने पर इसकी जॉच पूर्ति निरीक्षक, जखनियॉ से करायी गयी, जिसमें विक्रेता रामसदन यादव की दुकान में खाद्यान्न की कोई मात्रा अवशेष नहीं पायी गयी, जिससे स्पष्ट पाया गया कि विक्रेता द्वारा उपर्युक्त खाद्यान्न की कोई मात्रा अवशेष नहीं पायी गयी, जिससे स्पष्ट पाया गया कि विक्रेता द्वारा उपर्युक्त खाद्यान्न को कालाबाजारी में बेच दिया गया। पूर्ति निरीक्षक की जॉच में कालाबाजारी पाये जाने पर जिलाधिकारी के आदेश पर 4 जून 2020 को पूर्ति निरीक्षक द्वारा धारा 3/7 आवश्यक वस्तु अधिनियम के अन्तर्गत प्रथम सूचना रिपोर्ट पंजीकृत करा दी गयी है। उन्होने बताया कि 4 अप्रैल 2020 से चलाये गये विशेष जॉच अभियान के
अन्तर्गत अब तक स्टाक में कमियॉ और खाद्यान्न का दुरूयोग व कालाबाजारी पाये जाने पर 22 उचित दर विक्रेताओं के विरूद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम,
1955 की धारा 3/7 के अन्तर्गत प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई गयी है और उनके अनुबन्ध पत्र निलम्बित कर दिये गय हैं। उक्त के अतिरिक्त 6 उचित दर विक्रेताओं के वितरण में अनियमितता पाये जाने पर उनकी दुकान का अनुबन्ध पत्र निलम्बित किया गया है।