लाखों की दवाएं और पीपीई किट निजी मकान से बरामद

फार्मासिस्ट ड्रग वेयर हाउस के बजाय किराए के कमरे में रखवाता था सरकारी दवाएं

मुख्यचिकित्साधिकारी के निर्देश पर दर्ज हुआ मुकदमा, 95 कार्टून हुए बरामद

प्रखर भदोही। भदोही जिले के स्वस्थ्य विभाग में बड़ा हेराफेरी का मामला सामने आया है।स्वस्थ्य विभाग के ड्रग वेयर हाउस में तैनात रहे एक फार्मासिस्ट ने पीपीई किट और जरुरी दवाओं से भरे 95 कार्टून को दो निजी मकानों से छुपा कर रखा था। मुख्यचिकित्साधिकारी के निर्देश पर शुक्रवार की देर शाम मुकदमा पंजीकृत कराने के बाद उसे हिरासत में लिया गया है। पुलिस ने कार्यवाहक फार्मासिस्ट की निशानदेही पर कई लाख की कीमत के सामान किराए के मकान से बरामद किया गया है जो कोविड- 19 से बचाव लिए आया था। फार्मासिस्ट द्वारा विभाग के ड्रग वेयरहाउस में दवाओं को न रखवाकर किराए के निजी मकान में रखवाता था। स्वास्थ्य विभाग कोरोना की वजह से पीपीई किट और कई जरुरी सामने के लिए स्वास्थ्य कर्मी परेशान हैं। लेकिन उसके बाद भी कुछ लालची कर्मचारी इस गंदे खेल में लगे हैं।

जिले में स्वास्थ्य विभाग में तैनात रहे फार्मासिस्ट अलोक पांडेय द्वारा 95 कार्टून से ज्यादा जरुरी सामने को विभाग के गोदाम में न रखकर खुद के द्वारा किराये पर लिए गए मकानो में रखा गया था। जानकारी मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग के कर्मियों ने आरोपी फार्मासिस्ट की निशानदेही पर ज्ञानपुर कोतवाली क्षेत्र के महेंद्र कटरा से दो मकानों के कमरों से 39 कार्टून पीपीई किट के साथ भारी मात्रा में अन्य कार्टून में एंटिबाइटिक इंजेक्शन ,कैप्सूल , मास्क ,बी काम्प्लेक्स टैबलेट बरामद किया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. लक्ष्मी सिंह ने बताया कि फार्मासिस्ट द्वारा ड्रग वेयरहाउस में सामने को न उतरवाकर अपने द्वारा लिए किराये के मकानों में सामान रखावाया था। ड्रग वेयरहाउस में दूसरे फार्मासिस्ट को तैनात कर दिया गया है और आरोपी फार्मासिस्ट के खिलाफ विधिक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वह मुझसे भी उलझ जाता था।