दिल्ली एनसीआर की तरह लखनऊ एनसीआर बनाने के लिए सीएम ने दी हरी झंडी

लखनऊ के पास बाराबंकी, रायबरेली, कानपुर नगर, कानपुर देहात व उन्नाव जिले को किया जाएगा शामिल

प्रखर एजेन्सी। उत्तर प्रदेश में दिल्ली-एनसीआर की तर्ज पर अब राजधानी लखनऊ में उत्तर प्रदेश स्टेट कैपिटल रीजन बनेगा. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसे लेकर हरी झंडी दे दी है. सीएम योगी ने अधिकारियों इस बाबत दिशा निर्देश दे दिए हैं. सीएम योगी ने लखनऊ के आस-पास के इलाकों को शामिल करते हुए एक प्रपोजल बनाने के लिए कहा है. इसमें प्लान में लखनऊ, बाराबंकी, कानपुर और उन्नाव को भी शामिल किया जाना है. माना जा रहा है कि योगी सरकार की इस योजना से इन इलाकों में विकास की रफ्तार तेज हो जाएगी और सराकरी योजना का भी विस्तार होगा. इसी प्लान के तहत कानपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए जमीन खोजने के निर्देश दे दिए हैं. अब संभावना जताई जा रही है कि चकेरी इलाके में इसके लिए जमीन चिन्हित की जा सकती है. राजधानी लखनऊ में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी विकास प्राधिकरणों के साथ समीक्षा बैठक की. इसी दौरान लखनऊ के आस-पास योजनागत विकास के लिए दिल्ली-एनसीआर की तर्ज पर लखनऊ और बाराबंकी को जोड़कर स्टेट कैपिटल रीजन (SCR) बनाने पर भी चर्चा हुई.
एससीआर का सेंट्रल पॉइंट लखनऊ-बाराबंकी बॉर्डर होगा. जानकारी के अनुसार, इसमें मोहनलालगंज से बीकेटी तक के क्षेत्र शामिल किए जाने की योजना है. मास्टर प्लान के तहत 2031 तक एसीआर के क्षेत्र शामिल किए जाएंगे. प्रपोजल में जमीन से लेकर हर क्षेत्र को लेकर जानकारी शामिल की जाएगी.राजधानी लखनऊ का हो रहा है लगातार विस्तार
बता दें कि शहर के विकास क्षेत्र में बाराबंकी, बख्शी का तालाब (BKT) और मोहनलालगंज सीमा के बीच में तेजी से प्लॉटिंग हो रही है. ऐसे में यहा नियोजित विकास करने के लिए कोई संस्था नहीं है. दूसरी तरफ आउटर एरिया में पार्क, मल्टीप्लेक्स, मार्केट, हॉस्पिटल जैसी मूलभूत सुविधाएं न होने से राजधानी में शहरीकरण का दबाव बढ़ता ही जा रहा है. एससीआर बनने के बाद लैंड यूज निर्धारित होने के साथ शासन यहां नक्शा पास करने की जिम्मेदारी भी किसी एक संस्था को सौंप सकेगी. इससे इस क्षेत्र में नियोजित विकास की राह खुल जाएगी. एससीआर में बीकेटी, मोहनलालगंज और बाराबंकी के बीच के इलाके जुड़ेंगे.लखनऊ मेट्रो के दूसरे चरण के लिए मुख्यमंत्री ने मांगा प्रस्ताव
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने शुक्रवार को अपने सरकारी आवास पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आवास एवं शहरी नियोजन विभाग, आवास विकास परिषद व सभी शहरी विकास प्राधिकरणों की समीक्षा की और जरूरी दिशा-निर्देश दिए. इसके साथ ही सीएम योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ मेट्रो के दूसरे चरण का प्रस्ताव मांगा है।